Dehradun:परीक्षा पे चर्चा…सीएम धामी बोले-स्कूली परीक्षा चुनौती नहीं बल्कि परिपक्व होने का एक पड़ाव – Pariksha Pe Charcha Cm Dhami Participated In The 9th Edition Of The Pariksha Pe Charcha Program Dehradun News
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नेशविला रोड स्थित सेंट एंग्नेस स्कूल में प्रधानमंत्री के ‘परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने छात्रों को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि आज पूरा देश प्रधानमंत्री के परीक्षा पे चर्चा के नौवें संस्करण से जुड़ा है। यह आयोजन अब केवल संवाद नहीं, बल्कि एक राष्ट्रीय आंदोलन बन चुका है। प्रधानमंत्री का संदेश हमें यह सिखाता है कि परीक्षा जीवन की एक कड़ी हो सकती है, लेकिन सम्पूर्ण जीवन नहीं।
मुख्यमंत्री ने अपने स्कूली जीवन के अनुभव साझा करते हुए कहा कि स्कूल का समय अमूल्य होता है, जो दोबारा लौटकर नहीं आता। इसलिए विद्यार्थियों को पढ़ाई के साथ-साथ खेल और अन्य गतिविधियों में भी निरंतर प्रतिभाग करना चाहिए। उन्होंने कहा कि परीक्षा एक अवसर है, जिसमें छात्र एक योद्धा की तरह पूरे आत्मविश्वास, धैर्य और शांति के साथ अपना सर्वश्रेष्ठ देते हैं। केवल परीक्षा उत्तीर्ण करना ही काबिलियत नहीं, जीवन में और भी अनेक लक्ष्य होते हैं।
बच्चों पर अनावश्यक दबाव न डालें अभिभावक
सीएम धामी ने विद्यार्थियों से लक्ष्य तय कर प्राथमिकताओं के साथ आगे बढ़ने तथा परीक्षा के दबाव से मुक्त रहकर सकारात्मक सोच के साथ सफलता प्राप्त करने का आह्वान किया। साथ ही अभिभावकों से आग्रह किया कि वे बच्चों पर अनावश्यक दबाव न डालें और उनकी तुलना दूसरों से न करें।
परीक्षा पे चर्चा 2026 के अंतर्गत देशभर में चार करोड़ से अधिक विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं अभिभावकों ने पंजीकरण किया है, जिससे पूर्व का गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड भी टूटने जा रहा है। उत्तराखंड राज्य से इस वर्ष लगभग 7 लाख विद्यार्थी, 53 हजार से अधिक शिक्षक एवं 14 हजार से अधिक अभिभावक जुड़े हैं, जबकि गत वर्ष यह संख्या 2 लाख 98 हजार विद्यार्थियों तक सीमित थी।
राज्य के विद्यार्थियों द्वारा बनाए गए 10 प्रेरक वीडियो में से एक वीडियो राष्ट्रीय स्तर पर चयनित हुआ है, जो राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय पाला कुराली, विकासखंड जखोली, जनपद रुद्रप्रयाग के छात्र रोहन सिंह राणा द्वारा तैयार किया गया है। रोहन सिंह राणा को प्रधानमंत्री जी के कार्यक्रम में दिल्ली आमंत्रित किया गया है, जो पूरे प्रदेश के लिए गर्व की बात है।